नैनीताल, 17 जुलाई। नैनीताल नगर में बाहरी जनपदों के दोपहिया वाहनों से प्रस्तावित प्रवेश शुल्क की वसूली पर फिलहाल रोक लगा दी गई है। विभिन्न संगठनों के विरोध और बढ़ते विवाद के बाद नगर पालिका ने अगले आदेश तक शुल्क वसूली स्थगित करने का निर्णय लिया है। अब स्थानीय निवासियों और नगर में कार्यरत लोगों के लिए नई व्यवस्था तैयार की जाएगी।
स्थानीय लोगों को मिलेगी विशेष सुविधा
नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. सरस्वती खेतवाल और अधिशासी अधिकारी रोहिताश शर्मा ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत बाहरी जनपदों के नंबर वाले दोपहिया वाहन चला रहे स्थानीय निवासियों को पहचान पत्र के आधार पर राहत दी जाएगी। वहीं नगर में कार्यरत अन्य जिलों के वाहन स्वामियों को विशेष स्टिकर जारी किए जाएंगे, जिससे वे बिना शुल्क नगर में प्रवेश कर सकेंगे।
ट्रैफिक नियंत्रण है मुख्य उद्देश्य
नगर पालिका का कहना है कि प्रवेश शुल्क का उद्देश्य राजस्व बढ़ाना नहीं, बल्कि नैनीताल शहर में बढ़ते वाहनों के दबाव को कम करना है। ऐसे लोग जो शुल्क नहीं देना चाहते, वे नगर से बाहर निर्धारित पार्किंग स्थलों पर वाहन खड़े कर अन्य माध्यमों से शहर में प्रवेश कर सकते हैं।
विरोध के बाद लिया गया फैसला
प्रस्तावित शुल्क व्यवस्था का भाजपा और कांग्रेस सहित कई संगठनों ने विरोध किया था। कांग्रेस नेताओं ने यूके-19 पंजीकरण वाले वाहनों को भी स्थानीय श्रेणी में शामिल करने की मांग उठाई। विवाद बढ़ने के बाद नगर पालिका ने फिलहाल शुल्क वसूली रोकते हुए नई व्यवस्था पर काम शुरू कर दिया है।


