नई टिहरी, 23 अगस्त। उत्तरकाशी जिले के गाजणा पट्टा क्षेत्र के गोरसाडा गांव निवासी इंद्रमणि नौटियाल पिछले करीब आठ वर्षों से सऊदी अरब में फंसे हुए हैं। उनकी सकुशल वतन वापसी के लिए जलकुर घाटी जन विकास समिति सितंबर माह में क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक करेगी। समिति ने स्थानीय लोगों और सभी ग्राम पंचायतों से नौटियाल की घर वापसी के लिए अधिकाधिक आर्थिक सहयोग करने की अपील की है।
शिक्षा, स्वास्थ्य और पलायन जैसे मुद्दों पर होगी चर्चा
रविवार को कौडार में समिति अध्यक्ष गुलाब सिंह पंवार की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई। इसमें निर्णय लिया गया कि समाज से जुड़े ज्वलंत मुद्दों के समाधान के लिए समिति लगातार संघर्ष करती रहेगी। बैठक में कहा गया कि टिहरी बांध बनने के बाद प्रतापनगर क्षेत्र शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहा है।
समिति सितंबर में क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर शिक्षा, स्वास्थ्य, पलायन, बेरोजगारी और क्षेत्र के समग्र विकास से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श करेगी। समिति का कहना है कि क्षेत्र की समस्याओं के समाधान के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं।
इंद्रमणि नौटियाल की घर वापसी के लिए जुटाई जा रही धनराशि
सऊदी अरब में फंसे इंद्रमणि नौटियाल की वतन वापसी के लिए समिति पूरा सहयोग करेगी। उनकी पुत्री दीपिका के आह्वान पर सबसे पहले लंबगांव व्यापार मंडल ने आर्थिक सहयोग किया था। इसके बाद प्रतापनगर क्षेत्र के कई गांवों और अन्य संगठनों ने भी सहयोग देना शुरू किया।
रविवार को भेलुंता गांव की ओर से नौटियाल परिवार को 1.67 लाख रुपये की धनराशि दी गई। वहीं, गढ़वाल रीजन कांट्रेक्टर एसोसिएशन ने 21 हजार रुपये का सहयोग किया। प्रतापनगर क्षेत्र के दो दर्जन से अधिक गांव भी इंद्रमणि नौटियाल की वतन वापसी के लिए आर्थिक सहायता कर चुके हैं।
बैठक में अब्बल सिंह रावत, हेमराज राणा, नरेंद्र कैंतुरा, महावीर भंडारी, नरेंद्र चमोली और रामभरोसे राणा मौजूद रहे।



