नई टिहरी, 18 अगस्त। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) में आयोजित अकादमिक बैठक में परख सर्वेक्षण 2024 के जिलेवार परिणामों का विश्लेषण किया गया। बैठक में न्यून प्रगति वाली दक्षताओं को चिह्नित कर उनके सुधार के लिए वृहद कार्ययोजना तैयार करने पर चर्चा हुई। अधिकारियों ने विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता को बेहतर बनाने के लिए लक्षित शैक्षिक सहयोग पर जोर दिया।
कक्षा 6 और 9 के परिणामों पर विशेष चर्चा
मंगलवार को डायट सभागार में मुख्य शिक्षाधिकारी कमला बडवाल की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई। बैठक में बताया गया कि परख सर्वेक्षण कक्षा 3 में हिंदी और गणित, कक्षा 6 में हिंदी, गणित और पर्यावरण अध्ययन तथा कक्षा 9 में हिंदी, गणित, विज्ञान और सामाजिक विषयों में आयोजित किया गया था।
परिणामों के विश्लेषण में सामने आया कि कक्षा 6 और 9 में गणित सहित अन्य विषयों की उन दक्षताओं पर अधिक कार्य करने की आवश्यकता है, जिनमें जिले की उपलब्धि राज्य और राष्ट्रीय स्तर से कम रही है। इन विषयों में विद्यार्थियों की प्रगति सुधारने के लिए डायट स्तर से आकलन प्रपत्र विकसित किए जाएंगे।
शिक्षकों को नियमित शैक्षिक अनुसमर्थन
बैठक में तय किया गया कि डायट स्तर पर प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों को महीने में दो बार शैक्षिक अनुसमर्थन दिया जाएगा। इसका उद्देश्य चिह्नित दक्षताओं पर प्रभावी तरीके से कार्य करते हुए विद्यार्थियों की शैक्षिक उपलब्धि में सुधार करना है।
मुख्य शिक्षाधिकारी कमला बडवाल ने शिक्षकों को दक्षताओं पर ईमानदारी से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने एफएलएन, कौशलम, इंस्पायर अवार्ड, छात्रवृत्तियों, मुख्यमंत्री युवा मंथन कार्यक्रम, अपार आईडी, मुख्यमंत्री खेलकूद प्रतियोगिता और बैगलेस डे जैसी योजनाओं को विद्यालय स्तर पर विद्यार्थियों तक पहुंचाने को कहा।
छात्रों के लिए तैयार होगी लर्निंग प्रोफाइल
डायट के प्राचार्य सुमेर सिंह कैंतुरा ने बताया कि सभी विद्यालयों के विद्यार्थियों तक शैक्षिक अनुसमर्थन पहुंचाने के लिए कार्ययोजना तैयार कर ली गई है। बैठक में प्रत्येक छात्र की लर्निंग प्रोफाइल तैयार करने के निर्देश भी दिए गए।
उन्होंने बताया कि 25 अगस्त को डायट में छात्र प्रतिभा सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा।



