देहरादून, 17 जुलाई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड सरकार अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित और सम्मानजनक बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रसेवा के बाद युवाओं को रोजगार और बेहतर अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। मुख्यमंत्री ने यह बात देहरादून के डोईवाला स्थित यूथ फाउंडेशन प्रशिक्षण परिसर में आयोजित ‘अग्निवीर संवाद’ कार्यक्रम में कही।
सैनिक परंपरा को और मजबूत करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड वीरों की भूमि है और यहां सैनिकों तथा उनके परिवारों का सम्मान सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी सोच के तहत राज्य सरकार ने अग्निवीरों के लिए सरकारी सेवाओं में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है, ताकि सेवा पूरी होने के बाद उन्हें सम्मानजनक रोजगार मिल सके।
कौशल और अनुभव का होगा बेहतर उपयोग
मुख्यमंत्री ने कहा कि अग्निवीरों को प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त कौशल और अनुभव का उपयोग विभिन्न क्षेत्रों में किया जाएगा। सरकार ऐसे युवाओं को रोजगार, पुनर्वास और आत्मनिर्भरता से जोड़ने के लिए लगातार प्रयास कर रही है, जिससे उन्हें भविष्य की चिंता न करनी पड़े।
युवाओं से किया संवाद
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने बड़ी संख्या में मौजूद युवाओं से संवाद करते हुए राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सैनिकों, पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों के कल्याण के लिए संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। साथ ही प्रदेश की सैन्य परंपरा को मजबूत करने और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए लगातार नई पहल की जा रही हैं।


