देहरादून, 08 अगस्त। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में ग्लासगो, स्कॉटलैंड में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन कर उत्तराखंड का गौरव बढ़ाने वाले खिलाड़ियों और उनके प्रशिक्षकों को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने पदक विजेता खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और उनके परिजनों का अभिनंदन करते हुए कहा कि इन खिलाड़ियों की उपलब्धियां पूरे उत्तराखंड के लिए गर्व और प्रेरणा का विषय हैं।
उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने बढ़ाया देश और प्रदेश का मान
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने कठिन परिश्रम, अनुशासन और समर्पण के बल पर अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया है। खिलाड़ियों की उपलब्धियां न केवल राज्य के युवाओं को प्रेरित करती हैं, बल्कि यह भी साबित करती हैं कि उचित अवसर, संसाधन और मार्गदर्शन मिलने पर उत्तराखंड की प्रतिभाएं विश्व स्तर पर अपनी पहचान बना सकती हैं।
सम्मानित होने वालों में रुड़की के पैरा एथलीट शुभम जुयाल, जिन्होंने रजत पदक हासिल किया, देहरादून की जूडो खिलाड़ी उन्नति शर्मा, जिन्होंने कांस्य पदक जीता, तथा उनके प्रशिक्षक शामिल रहे। शुभम जुयाल के प्रशिक्षक राकेश सिंह रावत, उन्नति शर्मा के प्रशिक्षक सतीश चन्द्र शर्मा और पुनेश कुमार सिंह तथा भारतीय बॉक्सिंग टीम के प्रशिक्षक खीमानन्द बेलवाल को भी सम्मानित किया गया।
खिलाड़ियों के साथ प्रशिक्षकों का सम्मान भी जरूरी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि किसी खिलाड़ी की सफलता के पीछे केवल उसकी व्यक्तिगत मेहनत नहीं होती, बल्कि प्रशिक्षकों का मार्गदर्शन, परिवार का सहयोग और वर्षों की सतत साधना भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। ऐसे में खिलाड़ियों के साथ उनके प्रशिक्षकों का सम्मान करना भी उतना ही आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों ने उत्तराखंड का नाम देश-दुनिया में रोशन किया है। उनकी उपलब्धियां राज्य के अन्य युवाओं को खेलों में आगे बढ़ने और नए लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रेरित करेंगी।
उत्तराखंड को अग्रणी खेल राज्य बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड को देश के अग्रणी खेल राज्यों में स्थापित करने के लिए लगातार काम कर रही है। इसी उद्देश्य से राज्य में आधुनिक खेल अवसंरचना विकसित की जा रही है। जिला और विकासखंड स्तर पर खेल सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है, ताकि ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में मौजूद प्रतिभाओं को भी बेहतर अवसर मिल सकें।
प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, खेल उपकरण, पोषण और राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भागीदारी के लिए आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है।
खिलाड़ियों के लिए पुरस्कार, रोजगार और प्रशिक्षण की व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने खिलाड़ियों के प्रोत्साहन के लिए खेल नीति को और प्रभावी बनाया है। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को आकर्षक पुरस्कार राशि, सरकारी सेवाओं में अवसर, छात्रवृत्ति और विशेष प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
महिला खिलाड़ियों, दिव्यांग खिलाड़ियों और ग्रामीण क्षेत्रों से निकलने वाली उभरती प्रतिभाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि राज्य के किसी भी प्रतिभाशाली खिलाड़ी को संसाधनों के अभाव में अपनी प्रतिभा से समझौता न करना पड़े।
खेलों को रोजगार और व्यक्तित्व विकास से जोड़ने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की युवा शक्ति में अपार संभावनाएं हैं। सरकार खेलों को केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रख रही, बल्कि इसे रोजगार, स्वास्थ्य और व्यक्तित्व विकास से जोड़कर आगे बढ़ा रही है।
खेल विश्वविद्यालय, खेल अकादमियों के सुदृढ़ीकरण, प्रशिक्षकों की क्षमता बढ़ाने तथा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं की तैयारी के लिए बेहतर संसाधन उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पदक जीतने वाले खिलाड़ी और उनके प्रशिक्षक आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत बनेंगे। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के अनेक युवा आने वाले समय में खेलों के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे। मुख्यमंत्री ने सभी खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड की खेल प्रतिभाओं को वैश्विक मंच तक पहुंचाने के लिए हरसंभव सहयोग देती रहेगी।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या, विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा और खेल विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।



