नई दिल्ली, 22 अगस्त। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को तमिलनाडु के वेल्लोर स्थित वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में ‘सेंटर फॉर एडवांस्ड रिसर्च इन बैक्टीरियोफेज एंड इंफेक्शियस डिजीजेज’ (कार्बिड) का उद्घाटन किया। यह केंद्र संक्रामक रोगों के क्षेत्र में अत्याधुनिक अनुसंधान को बढ़ावा देने और गंभीर बैक्टीरियल संक्रमण से निपटने के लिए शोध को आगे बढ़ाने की दिशा में काम करेगा।
संक्रामक रोगों पर अत्याधुनिक शोध को बढ़ावा
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोशल मीडिया पर कहा कि भारत की वैज्ञानिक प्रतिभा अनुसंधान से समाधान और नवाचार से जनकल्याण की दिशा में नई ऊंचाइयां हासिल कर रही है। उन्होंने कहा कि भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद के सहयोग से स्थापित यह केंद्र संक्रामक रोगों के क्षेत्र में अत्याधुनिक शोध को नई गति देगा।
उन्होंने कहा कि ऐसे संस्थान स्वस्थ भारत के संकल्प को मजबूत करने के साथ वैश्विक स्वास्थ्य अनुसंधान में भारत की भूमिका को और सशक्त बनाने में मदद करेंगे।
भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद के सहयोग से स्थापना
उल्लेखनीय है कि भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद द्वारा वित्त पोषित प्रतिष्ठित बाह्य अनुसंधान केंद्र कार्यक्रम के तहत वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में डॉ. एन. रमेश ने कार्बिड की स्थापना की है।
यह केंद्र जानलेवा बैक्टीरियल संक्रमण से निपटने के लिए बैक्टीरियोफेज के पृथक्करण, लक्षण-निर्धारण और उपचार में उनके इस्तेमाल से जुड़ी अत्याधुनिक शोध गतिविधियों को आगे बढ़ाने के लिए समर्पित है।
रोगाणुरोधी प्रतिरोध की चुनौती पर फोकस
कार्बिड की स्थापना ऐसे समय में महत्वपूर्ण है, जब रोगाणुरोधी प्रतिरोध के मामले बढ़ रहे हैं। केंद्र का उद्देश्य इस चुनौती से निपटने के लिए बैक्टीरियोफेज आधारित शोध को आगे बढ़ाना है।
केंद्र संक्रामक रोगों के प्रबंधन से जुड़े बहुविषयक अनुसंधान एवं विकास परियोजनाओं पर भी सक्रिय रूप से काम करता है। इसके अलावा अनुवादात्मक अनुसंधान और परामर्श सेवाओं पर भी केंद्रित गतिविधियां संचालित की जाती हैं।



