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भारतीय सेना का शिक्षा और पूर्व सैनिक कल्याण पर जोर, कर्नाटक के संस्थान से हुआ समझौता

नई दिल्ली, 22 अगस्त। भारतीय सेना ने कर्नाटक के बीदर स्थित गुरु नानक ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किया है। इस समझौते के तहत सेवारत और सेवानिवृत्त भारतीय सेना कर्मियों के पात्र बच्चों को ट्यूशन फीस में विशेष रियायत मिलेगी। भारतीय सेना ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य जवानों के बच्चों के लिए शैक्षिक अवसरों को बढ़ाना और उनके उज्ज्वल भविष्य की आकांक्षाओं को समर्थन देना है।

पात्र बच्चों को मिलेगी विशेष फीस रियायत

भारतीय सेना ने एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि एमओयू के तहत संस्थान सेवारत और सेवानिवृत्त कर्मियों के पात्र बच्चों को विशेष शिक्षण शुल्क रियायत देगा। इसमें सर्वोच्च बलिदान देने वाले कर्मियों के बच्चों और दिव्यांग लोगों के लिए बढ़ी हुई सहायता का प्रावधान भी शामिल है।

सेना के अनुसार, यह पहल अपने कर्मियों और उनके परिवारों के कल्याण तथा शिक्षा के प्रति भारतीय सेना की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

तीन दिग्गजों को योद्धा सेवा सम्मान

एक अन्य घटनाक्रम में, सेना प्रमुख जनरल धीरज सेठ ने नई दिल्ली में आयोजित सेवानिवृत्त अधिकारी सेमिनार के दौरान तीन प्रतिष्ठित दिग्गजों को योद्धा सेवा सम्मान से सम्मानित किया।

सम्मानित दिग्गजों में लेफ्टिनेंट कर्नल बीएमएस बैंस (सेवानिवृत्त) शामिल हैं। उन्हें होशियारपुर और आसपास के क्षेत्रों में दिग्गजों तथा उनके परिवारों के कल्याण के लिए समर्पित कार्य के लिए सम्मानित किया गया। उन्होंने 70,000 से अधिक दिग्गजों और परिवारों को पेंशन एवं कानूनी मुद्दों पर सहायता दी तथा 52,000 से अधिक पूर्व-ईसीएचएस सेवानिवृत्त लोगों के लिए ईसीएचएस तक पहुंच सुगम बनाई। उन्होंने वंचितों और विशेष रूप से दिव्यांग बच्चों के समर्थन से जुड़ी पहलों के जरिए सामाजिक कल्याण में भी योगदान दिया।

वयोवृद्धों और युवाओं के लिए योगदान

नायब सूबेदार खगेन चंद्र दास (सेवानिवृत्त) को तामुलपुर के दूरदराज के इलाकों में वयोवृद्धों और वीरनारियों के लिए किए गए कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। उन्होंने व्यक्तिगत रूप से 250 से अधिक अलग-थलग वयोवृद्धों तक पहुंच बनाई और कल्याण एजेंसियों तथा संस्थागत सहायता तक उनकी पहुंच मजबूत करने में योगदान दिया।

वहीं, हवलदार अनुप कुमार महतो (सेवानिवृत्त) को पश्चिम बंगाल और झारखंड में वंचित युवाओं को सशक्त बनाने के लिए समर्पित कार्य के लिए सेना प्रमुख ने सम्मानित किया।

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