रामपुर, 30 जून। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रामपुर में आयोजित एक जनसभा के दौरान कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने अतीत में भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाए और रामभक्तों पर लाठी तथा गोली चलाने का काम किया, वही आज आस्था और भगवान राम की भक्ति की बात कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परिवर्तन जनता की लोकतांत्रिक शक्ति का परिणाम है।
मुख्यमंत्री ने लगभग 690 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 102 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास के बाद आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि आज अयोध्या का स्वरूप त्रेता युग की स्मृतियों का अहसास कराता है और यह देश की सांस्कृतिक चेतना के पुनर्जागरण का प्रतीक है।
रामभक्तों का किया उल्लेख, विपक्ष पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि एक समय ऐसा था जब उत्तर प्रदेश में “जय श्रीराम” का उद्घोष करने वाले लोगों पर कार्रवाई होती थी। उन्होंने कहा कि जब राम मंदिर निर्माण का आंदोलन चल रहा था और रामभक्त “रामलला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे” का संकल्प दोहराते थे, तब उन पर लाठियां बरसाई गईं और गोलियां चलाई गईं।
उन्होंने कहा कि आज वही राजनीतिक दल आस्था और भगवान राम की भक्ति की बात कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने इसे जनता की जागरूकता और लोकतांत्रिक शक्ति का परिणाम बताते हुए कहा कि जनता के समर्थन ने राजनीतिक दलों को अपनी सोच बदलने के लिए मजबूर किया है।
जनता के निर्णय को बताया परिवर्तन का आधार
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लोकतंत्र में जनता का मत सबसे बड़ी शक्ति है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता ने अपने मतदान के माध्यम से परिवर्तन का रास्ता चुना और उसी का परिणाम है कि आज राजनीतिक दलों को अपने पुराने रुख पर पुनर्विचार करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि जनता ने विकास, सुशासन और सांस्कृतिक सम्मान को प्राथमिकता दी है, जिसके कारण उत्तर प्रदेश में व्यापक परिवर्तन दिखाई दे रहा है।
कांग्रेस पर भी साधा निशाना
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर भी हमला बोलते हुए कहा कि जिन लोगों ने पहले भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण के अस्तित्व पर प्रश्न उठाए थे, वे आज भगवान राम को सबका बताने की बात कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि आज अयोध्या जाने की इच्छा हर किसी के मन में दिखाई दे रही है, लेकिन भगवान राम सब कुछ जानते हैं और सत्य तथा असत्य के बीच अंतर करने में सक्षम हैं।
पूर्ववर्ती सरकारों पर लगाए गंभीर आरोप
मुख्यमंत्री ने वर्ष 2017 से पहले के रामपुर का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय गरीबों, दलितों और कमजोर वर्गों की जमीनों पर अवैध कब्जे की घटनाएं सामने आती थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि वाल्मीकि समाज सहित कई गरीब परिवारों को उनके अधिकारों से वंचित किया गया।
उन्होंने कहा कि जब सत्ता जवाबदेह नहीं रहती, तब वह अन्याय का माध्यम बन जाती है। उनके अनुसार, पूर्ववर्ती सरकारों के दौरान रामपुर में आम लोगों की आवाज को दबाने का प्रयास किया गया।
रामपुर की बदली तस्वीर का किया दावा
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद रामपुर की पहचान बदली है। उन्होंने दावा किया कि अब यह जिला विकास, बुनियादी सुविधाओं और नई परियोजनाओं के माध्यम से तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं को कभी असंभव माना जाता था, वे आज साकार हो रही हैं। इसका श्रेय उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों तथा जनता के विश्वास को दिया।

प्रदेश की अर्थव्यवस्था पर सरकार का दावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने विकास की नई दिशा प्राप्त की है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश अब पिछड़े राज्यों की श्रेणी से बाहर निकलकर देश की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में उभर रहा है।
उन्होंने कहा कि उद्योग, निवेश, आधारभूत संरचना और रोजगार के क्षेत्र में तेजी से काम होने के कारण उत्तर प्रदेश देश के सबसे तेजी से विकसित होने वाले राज्यों में शामिल हो चुका है।
भर्ती प्रक्रिया और परिवारवाद पर विपक्ष को घेरा
मुख्यमंत्री ने बिना किसी का नाम लिए समाजवादी पार्टी के नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्ष 2017 से पहले सरकारी भर्तियों में पारदर्शिता का अभाव था। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर व्यापक अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती थीं और कई मामलों में न्यायालय को हस्तक्षेप करना पड़ता था।
उन्होंने कहा कि उस दौर में विकास आम जनता का नहीं, बल्कि कुछ राजनीतिक परिवारों तक सीमित था। वर्तमान सरकार ने पारदर्शी व्यवस्था लागू कर युवाओं के लिए समान अवसर सुनिश्चित करने का प्रयास किया है।
सांस्कृतिक आयोजनों का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले प्रदेश में धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों को लेकर अनावश्यक विवाद उत्पन्न किए जाते थे। उन्होंने आरोप लगाया कि कांवड़ यात्रा, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव और अन्य धार्मिक आयोजनों को बाधित करने की कोशिश होती थी।
उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने सभी धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों को सम्मानपूर्वक आयोजित कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की है। आज कांवड़ यात्रा, दुर्गा पूजा, दीपावली और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव जैसे पर्व पूरे उत्साह और गरिमा के साथ मनाए जा रहे हैं।
विकास परियोजनाओं से बदलेगा क्षेत्र का स्वरूप
रामपुर में मुख्यमंत्री ने लगभग 690 करोड़ रुपये की लागत वाली 102 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं का उद्देश्य आधारभूत संरचना को मजबूत करना, नागरिक सुविधाओं का विस्तार करना तथा क्षेत्रीय विकास को गति देना है।
कार्यक्रम में प्रदेश सरकार के पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह, कृषि राज्य मंत्री बलदेव सिंह औलख, विधायक राजबाला सिंह, आकाश सक्सेना, शफीक अहमद अंसारी, विधान परिषद सदस्य जयपाल सिंह, हरि सिंह ढिल्लों सहित अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।


