लखनऊ/नई दिल्ली, 15 जुलाई। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार शाम नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। दोनों नेताओं के बीच करीब आधे घंटे तक चली इस बैठक को उत्तर प्रदेश की आगामी राजनीतिक रणनीति और संगठनात्मक तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, बैठक के एजेंडे को लेकर केंद्र सरकार या मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की गई है।
सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और अमित शाह के बीच उत्तर प्रदेश के मौजूदा राजनीतिक हालात, भारतीय जनता पार्टी की संगठनात्मक गतिविधियों और वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चर्चा हुई। बैठक में राज्य में पार्टी की चुनावी रणनीति को और प्रभावी बनाने, संगठन को जमीनी स्तर पर सक्रिय करने तथा आगामी राजनीतिक चुनौतियों पर विचार-विमर्श होने की संभावना जताई जा रही है।
भाजपा संगठन को मजबूत करने की रणनीति पर मंथन
उत्तर प्रदेश भाजपा की नई प्रदेश टीम के गठन के बाद अब क्षेत्रीय और जिला स्तर की संगठनात्मक इकाइयों के विस्तार की प्रक्रिया चल रही है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, विधानसभा चुनाव को देखते हुए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
भाजपा नेतृत्व की कोशिश है कि कार्यकर्ताओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाए और चुनाव से पहले संगठनात्मक ढांचे को पूरी तरह सक्रिय कर दिया जाए। माना जा रहा है कि योगी आदित्यनाथ और अमित शाह की बैठक में क्षेत्रीय टीमों के गठन, कार्यकर्ताओं की भूमिका और चुनावी तैयारियों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई होगी।
मंत्रिमंडल विस्तार और चुनावी तैयारियों पर भी नजर
उत्तर प्रदेश में हाल के दिनों में राज्य मंत्रिपरिषद के विस्तार और प्रदेश भाजपा संगठन में बदलाव के बाद राजनीतिक गतिविधियां तेज हुई हैं। ऐसे में मुख्यमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री की मुलाकात को आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
सूत्रों का कहना है कि भाजपा नेतृत्व राज्य सरकार और संगठन के बीच बेहतर तालमेल के साथ चुनावी मैदान में उतरने की रणनीति तैयार कर रहा है। पार्टी की प्राथमिकता विकास योजनाओं को जनता तक पहुंचाने के साथ-साथ संगठनात्मक नेटवर्क को और मजबूत करना है।
श्रीराम मंदिर चढ़ावा मामले की एसआईटी जांच पर अटकलें
इस बैठक के दौरान अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर में चढ़ावे से जुड़े कथित अनियमितता के मामले पर भी चर्चा होने की अटकलें लगाई जा रही हैं। इस मामले की जांच विशेष जांच दल (एसआईटी) कर रहा है।
बताया जा रहा है कि एसआईटी रिपोर्ट मिलने के बाद राज्य सरकार मामले में आगे की कार्रवाई को लेकर निर्णय ले सकती है। हालांकि, बैठक में इस विषय पर चर्चा हुई या नहीं, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
आधिकारिक बयान नहीं हुआ जारी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बीच हुई इस मुलाकात को लेकर गृह मंत्रालय और मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से कोई विस्तृत बयान जारी नहीं किया गया है। इसलिए बैठक में किन मुद्दों पर अंतिम रूप से बातचीत हुई, इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
राजनीतिक जानकारों के अनुसार, उत्तर प्रदेश जैसे बड़े चुनावी राज्य में संगठनात्मक तैयारियां समय से पहले शुरू करना भाजपा की रणनीति का हिस्सा है। आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए पार्टी नेतृत्व राज्य में संगठन, सरकार और कार्यकर्ताओं के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने पर जोर दे रहा है।


