देहरादून, 18 जून (वेब वार्ता)। सरकारी भूमि पर कथित कब्जे करने वाले भूमाफियाओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर सुराज सेवा दल के कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को दिलाराम चौक से मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच किया। इस दौरान पुलिस ने हाथीबड़कला क्षेत्र में बैरिकेडिंग लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोक दिया, जिसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग पर चढ़कर और कूदकर आगे बढ़ने का प्रयास किया तथा सरकार और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी देर तक धक्का-मुक्की और संघर्ष की स्थिति बनी रही। झड़प में कुछ प्रदर्शनकारियों को हल्की चोटें भी आईं।
पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए सभी प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया और उन्हें बाद में पुलिस लाइन ले जाया गया। इस दौरान क्षेत्र में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल रहा।
सुराज सेवा दल के प्रदेश अध्यक्ष रमेश जोशी ने आरोप लगाया कि जब कोई आम नागरिक गलती से भी सरकारी जमीन पर छोटा निर्माण करता है, तो प्रशासन तुरंत कार्रवाई करते हुए उसका मकान तोड़ देता है और मुकदमा दर्ज कर दिया जाता है। लेकिन बड़े स्तर पर भूमाफियाओं द्वारा सरकारी भूमि पर कब्जे के मामलों में कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती।
उन्होंने यह भी कहा कि कई बार सीमांकन के आदेश जारी होने के बावजूद भू-माफियाओं और कथित राजनीतिक दबाव के कारण कार्रवाई आगे नहीं बढ़ पाती। आरोप लगाया गया कि अधिकारियों की मिलीभगत से कूटरचित दस्तावेज तैयार कर जमीनों की हेराफेरी की जा रही है, जिससे आम लोग अपनी ही जमीनों के लिए परेशान हैं।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि भू-माफिया सरकारी भूमि के साथ-साथ गोल्डन फॉरेस्ट जैसी संपत्तियों को भी बेचकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं, जिससे गरीब और मध्यम वर्गीय लोग आर्थिक और मानसिक रूप से प्रभावित हो रहे हैं।
इस प्रदर्शन में देवेंद्र बिष्ट, सुमित अग्रवाल, हिमांशु धामी, विजेंद्र, कावेरी जोशी, पूजा नेगी, संगीता, गीता ठाकुर, इंतजार, नौशाद, अलीम, जावेद, फिरोज, रेहान, रहमान, सतबीर, नितिन कटारिया, शेखर, सुशील और साबिर राणा सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।


