नई दिल्ली, 22 जून।
पातुवास मेहराना, हांसी और बिजयनगर स्टेशन पर बढ़ी रेल सुविधाएं, छात्रों, व्यापारियों और दैनिक यात्रियों को मिलेगा लाभ
भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा और क्षेत्रीय रेल संपर्क को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए हरियाणा और राजस्थान के कुछ प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर चार ट्रेनों के अतिरिक्त स्टॉपेज को मंजूरी दी है। रेलवे के इस निर्णय से हजारों दैनिक यात्रियों, छात्रों, व्यापारियों, किसानों और लंबी दूरी की यात्रा करने वाले लोगों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, यह फैसला यात्रियों की लंबे समय से चली आ रही मांगों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों के सुझावों और परिचालन व्यवहार्यता के विस्तृत आकलन के बाद लिया गया है। नए स्टॉपेज से लोगों की रेल सेवाओं तक पहुंच आसान होगी और यात्रा समय में भी कमी आएगी।
पातुवास मेहराना स्टेशन पर रुकेगी दिल्ली-सातरौड़ पैसेंजर
हरियाणा के रेवाड़ी-भिवानी रेलखंड पर स्थित पातुवास मेहराना रेलवे स्टेशन को बड़ी सौगात मिली है। अब दिल्ली-सातरौड़ पैसेंजर ट्रेन यहां नियमित रूप से रुकेगी। वर्तमान में इस स्टेशन पर सीमित रेल सेवाएं उपलब्ध हैं, जिसके कारण आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को झाड़ली और चरखी दादरी जैसे दूरस्थ स्टेशनों पर निर्भर रहना पड़ता था।
नए स्टॉपेज के बाद स्थानीय निवासियों, नौकरीपेशा लोगों और छात्रों के लिए दैनिक आवागमन अधिक सुविधाजनक होगा। साथ ही, क्षेत्र में फर्स्ट माइल और लास्ट माइल कनेक्टिविटी को भी मजबूती मिलेगी।
हांसी स्टेशन को मिली दो अतिरिक्त एक्सप्रेस ट्रेनों की सुविधा
भिवानी-हिसार रेलमार्ग पर स्थित हांसी रेलवे स्टेशन को भी रेलवे ने बड़ी राहत दी है। अब अगरतला-फिरोजपुर एक्सप्रेस और बीकानेर-हरिद्वार एक्सप्रेस का भी यहां ठहराव होगा।
रेलवे के इस फैसले से हांसी और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को देश के पूर्वोत्तर, उत्तर और पश्चिम भारत के कई महत्वपूर्ण शहरों तक बेहतर रेल संपर्क उपलब्ध होगा। अब यात्रियों को इन ट्रेनों में यात्रा करने के लिए भिवानी सिटी या हिसार जैसे बड़े स्टेशनों तक नहीं जाना पड़ेगा।
स्थानीय लोगों का मानना है कि इस सुविधा से समय और यात्रा लागत दोनों में कमी आएगी, जिससे यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा।
बिजयनगर के यात्रियों को भी मिली राहत
राजस्थान के बिजयनगर रेलवे स्टेशन को भी रेलवे ने नई सुविधा प्रदान की है। अब जयपुर-असरवा एक्सप्रेस का ठहराव इस स्टेशन पर भी होगा। इससे पहले यह ट्रेन केवल नसीराबाद और भीलवाड़ा जैसे प्रमुख स्टेशनों पर रुकती थी।
बिजयनगर और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को ट्रेन पकड़ने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी। नए स्टॉपेज के बाद उन्हें अपने क्षेत्र से ही सीधे रेल सेवा का लाभ मिल सकेगा। इससे स्थानीय व्यापार, शिक्षा और रोजगार से जुड़े लोगों की आवाजाही भी आसान होगी।
क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मिलेगा बढ़ावा
रेलवे का मानना है कि नए स्टॉपेज केवल यात्रा सुविधा तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इससे क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों और सामाजिक संपर्क को भी बढ़ावा मिलेगा। बेहतर रेल कनेक्टिविटी से छोटे शहरों और कस्बों को बड़े व्यावसायिक एवं शैक्षणिक केंद्रों से जोड़ने में मदद मिलेगी।
यात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए रेलवे भविष्य में भी मांग और आवश्यकता के अनुसार ऐसे कदम उठाने पर विचार कर सकता है।

