नई दिल्ली, 22 जून।
राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा और यात्रा सुविधा बढ़ाने के लिए नई पहल, मालवाहक चालकों को भी होगा लाभ
राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर यात्रा को अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने वाहन मरम्मत और पंचर रिपेयर सेवा केंद्र विकसित करने का निर्णय लिया है। इस पहल के तहत प्रमुख राजमार्गों पर यात्रियों और मालवाहक वाहन चालकों को तत्काल तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के अनुसार, NHAI की सार्वजनिक क्षेत्र की इकाई नेशनल हाईवेज लॉजिस्टिक्स मैनेजमेंट लिमिटेड (NHLML) ने अपने क्षेत्रीय कार्यालयों और सड़क किनारे सुविधाओं के लीजधारकों को प्राथमिकता के आधार पर वाहन मरम्मत की दुकानें तथा पंचर रिपेयर केंद्र स्थापित करने के निर्देश दिए हैं।
खराबी की स्थिति में मिलेगी तुरंत मदद
मंत्रालय का कहना है कि यह कदम सड़क यात्रा के दौरान वाहन खराब होने की स्थिति में यात्रियों को त्वरित सहायता प्रदान करने के लिए उठाया गया है। कई राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर वर्तमान में ऐसी सेवाओं की कमी महसूस की जा रही है, जिसके कारण यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ता है और कई बार सुरक्षा संबंधी जोखिम भी उत्पन्न हो जाते हैं।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद वाहन चालकों को रास्ते में तकनीकी समस्या आने पर निकटतम सेवा केंद्र से तत्काल सहायता मिल सकेगी, जिससे यात्रा में होने वाली देरी और असुविधा कम होगी।
PPP मॉडल के तहत विकसित हो रहा आधुनिक नेटवर्क
NHLML सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत देशभर में आधुनिक सड़क किनारे सुविधाओं का व्यापक नेटवर्क विकसित कर रही है। इन सुविधाओं को दीर्घकालिक लीज व्यवस्था के माध्यम से संचालित किया जा रहा है।
मौजूदा लीज समझौतों के अंतर्गत अनिवार्य सुविधाओं के अलावा अतिरिक्त सेवाओं की भी अनुमति है। वाहन मरम्मत और पंचर रिपेयर केंद्र इन्हीं अतिरिक्त सुविधाओं का हिस्सा होंगे, जिन्हें अब प्राथमिकता के साथ विकसित किया जाएगा।
एकीकृत सेवा केंद्र के रूप में विकसित होंगी सुविधाएं
NHAI के अनुसार, सड़क किनारे विकसित किए जा रहे सुविधा केंद्रों को एकीकृत सेवा हब के रूप में तैयार किया जा रहा है, जहां यात्रियों, निजी वाहन चालकों और वाणिज्यिक परिवहन क्षेत्र से जुड़े लोगों को आवश्यक सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी।
प्राधिकरण का मानना है कि यह पहल विश्वस्तरीय राजमार्ग अवसंरचना विकसित करने और निर्बाध, सुरक्षित एवं सुविधाजनक यात्रा अनुभव सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। इससे सड़क सुरक्षा को मजबूती मिलने के साथ-साथ देश के लॉजिस्टिक्स और परिवहन नेटवर्क की दक्षता भी बढ़ेगी।

